Phytolacca 30: उपयोग, फायदे, खुराक और सावधानियां

Dr. Pranjali Srivastava
Medically reviewed by:
Last updated: February 10, 2026

Phytolacca 30 क्या है?

Phytolacca 30 एक प्रभावशाली होम्योपैथिक औषधि है जो Phytolacca Decandra नामक पौधे से बनाई जाती है। यह दवा विशेष रूप से गले के संक्रमण, गांठों, स्तनों की सूजन, रुमेटिज्म, और सूँघने वाली ग्रंथियों (glandular system) से संबंधित समस्याओं में उपयोगी मानी जाती है। यह शरीर में मौजूद सूजन, संक्रमण और दर्द को दूर करने में मदद करती है।


Phytolacca 30 के उपयोग

1. गले में दर्द और टॉन्सिल की सूजन

  • गले में चुभन और जलन के साथ दर्द।
  • निगलने में कठिनाई, विशेषकर ठोस चीजों को निगलने में।
  • टॉन्सिल्स में सूजन और लालिमा।
  • गले का संक्रमण जो कानों तक दर्द पहुंचाता है।

2. स्तनों की सूजन और दर्द (Mastitis)

  • स्तनपान कराने वाली महिलाओं में स्तनों की सूजन और कठोरता।
  • दूध जम जाना या स्तनों में गांठ बन जाना।
  • स्तनों में अत्यधिक संवेदनशीलता और दबाव से दर्द होना।
  • दूध में बदलाव या अधिक गर्माहट महसूस होना।

3. ग्रंथि-संबंधी रोग

  • गले, कान या बगल में स्थित ग्रंथियों में सूजन।
  • गर्दन के पास गाँठ बनना और उनमें दर्द होना।
  • लसीका ग्रंथियों (lymph glands) का फूल जाना।
  • पुरानी सूजन जो बार-बार होती है।

4. रुमेटिज्म और जोड़ों का दर्द

  • जोड़ो में तीव्र दर्द और सूजन।
  • चलने-फिरने में कठिनाई और जकड़न महसूस होना।
  • मौसम के बदलाव पर दर्द बढ़ जाना।
  • पीठ और कूल्हों में दर्द।

5. मोटापा और चर्बी घटाना

  • जिन लोगों को गले और गर्दन के आसपास चर्बी अधिक हो।
  • शरीर का वजन असमान रूप से बढ़ जाना।
  • मेटाबॉलिज्म के धीमे होने के कारण वजन बढ़ना।

6. मुंह और मसूड़ों की समस्याएं

  • मसूड़ों में सूजन और खून आना।
  • दांतों की जड़ों में दर्द और कमजोरी।
  • मुंह में छाले और अत्यधिक लार बनना।

Phytolacca 30 के लाभ

  • गले की सूजन और दर्द में तीव्र राहत देता है।
  • स्तनों की सूजन, कठोरता और दर्द को कम करता है।
  • ग्रंथियों की सूजन और गांठों में असरदार है।
  • रुमेटिक दर्द और जोड़ों की जकड़न में उपयोगी है।
  • वजन घटाने में मदद कर सकता है, खासकर जब चर्बी गले या गर्दन में हो।
  • मसूड़ों की सूजन और दांतों की समस्या में भी लाभकारी है।

Phytolacca 30 की खुराक (Dosage)

➡️ सामान्य खुराक:

  • 2–3 बूंदें या 4 गोलियां, दिन में 2 बार।
  • खाना खाने से 30 मिनट पहले या बाद में लें।

➡️ बच्चों के लिए:

  • आधी खुराक, डॉक्टर की सलाह अनुसार।

नोट: Phytolacca 30 को डॉक्टर की सलाह से ही नियमित रूप से लिया जाए। अधिक मात्रा या लंबे समय तक लेने से बचें।


Phytolacca 30 के साथ क्या सावधानियां रखें?

  • दवा लेने से पहले और बाद में 15–30 मिनट तक कुछ न खाएं या पिएं।
  • कॉफी, पान, मिंट और अन्य तीव्र गंध वाले पदार्थों से परहेज करें।
  • दवा को सूखी, ठंडी और धूप से दूर रखें।
  • किसी अन्य दवा के साथ लेने से पहले चिकित्सकीय परामर्श लें।
  • बच्चों की पहुंच से दूर रखें।

Phytolacca 30 के संभावित साइड इफेक्ट्स

Phytolacca 30 आमतौर पर सुरक्षित होती है, लेकिन कुछ विशेष परिस्थितियों में हल्के दुष्प्रभाव हो सकते हैं:

  • कुछ लोगों में शुरुआत में लक्षण थोड़े बढ़ सकते हैं।
  • अत्यधिक मात्रा में लेने से कमजोरी, चक्कर या थकावट हो सकती है।
  • बहुत लंबे समय तक बिना डॉक्टर की निगरानी में लेने पर असंतुलन हो सकता है।

यदि कोई भी लक्षण असामान्य लगे तो तुरंत दवा बंद करें और चिकित्सक से संपर्क करें।


Phytolacca 30 किन लोगों के लिए उपयोगी है?

  • जिनको बार-बार गले की सूजन और टॉन्सिल की समस्या होती है।
  • स्तनपान कराने वाली महिलाएं जिनको स्तनों में सूजन या गांठ हो।
  • जिनकी ग्रंथियां बार-बार फूल जाती हैं या उनमें गांठ बनती है।
  • जोड़ों के दर्द और रुमेटिज्म से परेशान लोग।
  • जिनको वजन कम करना है, विशेषकर गर्दन और चेहरे के आसपास चर्बी से।
  • दांतों और मसूड़ों की समस्याओं से ग्रसित लोग।

निष्कर्ष

Phytolacca 30 एक प्रभावी और बहुउपयोगी होम्योपैथिक दवा है जो गले, स्तन, ग्रंथियों, और जोड़ों की समस्याओं से राहत दिलाने में मदद करती है। यह शरीर के विभिन्न हिस्सों में मौजूद सूजन और संक्रमण को शांत कर शरीर को अंदर से ठीक करने की शक्ति देती है।
यदि आप टॉन्सिल, स्तनों की सूजन, ग्रंथि की गांठें या जोड़ों के दर्द से परेशान हैं, तो Phytolacca 30 एक बेहतर विकल्प हो सकती है – बशर्ते कि इसका सेवन योग्य होम्योपैथिक चिकित्सक की देखरेख में किया जाए।

About The Author
Dr. Saloni Walinjkar
BHMS, MD
Homeopathic Physician
Registration No.: MCH 83130
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